Prompt:क़ौम का शान ग़ुलाम रसूल है
हम सब का पहचान ग़ुलाम रसूल है
दिलों की धड़कन, उम्मीदों की रौशनी
मेरा फ़ख़्र, मेरा मान ग़ुलाम रसूल है
बाबा ग़ुलाम रसूल है!
सरदार ग़ुलाम रसूल है!
हर दिल की आवाज़ है —
ग़ुलाम रसूल है! ग़ुलाम रसूल है!
हर ग़रीब का सहारा ग़ुलाम रसूल है
हर मज़लूम की सदा ग़ुलाम रसूल है
अंधेरों में जो चिराग़ जलाए
वो रौशन रास्ता ग़ुलाम रसूल है
जो हक़ की ख़ातिर डट कर खड़ा
वो बहादुर इंसान ग़ुलाम रसूल है
क़ौम की इज़्ज़त, क़ौम की ताक़त
मेरा सरदार ग़ुलाम रसूल है
बाबा ग़ुलाम रसूल है!
सरदार ग़ुलाम रसूल है!
अवाम का रहनुमा —
ग़ुलाम रसूल है!
हाथ उठाओ! नारा लगाओ!
ज़िंदा बाद, ज़िंदा बाद!
बाबा ग़ुलाम रसूल — ज़िंदा बाद!
मुश्किल वक़्त में साथ निभाए
सच का परचम ऊँचा उठाए
मोहब्बत जिस की पहचान बने
ऐसा रहबर कम ही आए
मुश्किल घड़ी में दीवार बन कर खड़ा रहा
हक़ की सदा को हर मोड़ पर बढ़ा रहा
न झुका कभी, न बिका कभी
वफ़ा का चिराग़ बन के जला रहा
अमन का पैग़ाम भी, ग़ैरत का नाम भी
तरक़्क़ी की राहों का एक निज़ाम भी
क़ौम के बच्चों के ख़्वाबों की क़सम
रौशन मुस्तक़बिल का एहतमाम भी
तेरी बसीरत में कल की रौशनी है
तेरी क़यादत में क़ौम की ज़िंदगी है
बाबा तेरा हौसला हमारा यक़ीन है
तेरा हर क़दम हमारी जीत की निशानी है
तेरा नाम सिर्फ नाम नहीं
ये एतबार की पहचान है
सरदार तेरा साथ हमें
हर मैदान में शान है
बाबा ग़ुलाम रसूल है!
सरदार ग़ुलाम रसूल है!
क़ौम का फ़ख़्र, क़ौम का मान
ग़ुलाम रसूल है!
ग़ुलाम रसूल उमरानी है
ग़ुलाम रसूल उमरानी है
सरदार उमरानी है